महेंद्र भट्ट ने उठाई ‘हिमालयी नदी प्रबंधन पैकेज’ की मांग, केंद्र से विशेष सहायता का आग्रह
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट ने उत्तराखंड की नदियों की बिगड़ती स्थिति को लेकर केंद्र सरकार से विशेष आर्थिक पैकेज की मांग उठाई है। उन्होंने राज्यसभा में विशेष उल्लेख के दौरान नदियों की सफाई, प्रबंधन और बाढ़ नियंत्रण से जुड़ी समस्याओं की ओर सरकार का ध्यान आकर्षित किया।
महेंद्र भट्ट ने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में आई प्राकृतिक आपदाओं के कारण अलकनंदा, मंदाकिनी, भागीरथी और धौलीगंगा जैसी प्रमुख नदियों में भारी मात्रा में मलबा जमा हो गया है। इसके चलते नदियों का तल ऊपर उठ रहा है, जिससे मामूली बारिश में भी जलस्तर तेजी से बढ़कर खतरे के निशान को पार कर जाता है। इससे नदी किनारे बसे गांवों, कृषि भूमि और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।
उन्होंने इस स्थिति से निपटने के लिए केंद्र सरकार से “हिमालयी नदी प्रबंधन पैकेज” लागू करने की मांग की। इस पैकेज के तहत वैज्ञानिक तकनीक के माध्यम से नदियों का पुनरुद्धार, सफाई और प्रभावी जल प्रबंधन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही नदियों से निकाले गए मलबे के वैज्ञानिक निस्तारण और उसके व्यावसायिक उपयोग के लिए स्पष्ट नीति बनाने की भी आवश्यकता जताई।
भट्ट ने कहा कि उत्तराखंड की भौगोलिक परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए विशेष रणनीति बनाना जरूरी है, ताकि भविष्य में बाढ़ जैसी आपदाओं से होने वाले नुकसान को कम किया जा सके।
