निजी सचिव के परिवार ने सीबीआई जांच की मांग की
लखनऊ।
बापू भवन में खुद को गोली मार कर खुदकुशी करने वाले निजी सचिव विशम्भर दयाल के परिवारीजनों ने सीबीआई से जांच कराने की मांग की है। परिवारीजनों का कहना है कि सीबीआई जांच से ही इस मामले का पूरा सच सामने आयेगा। साथ ही आरोपियों पुलिसकर्मियों की संलिप्तता भी पता चलेगी। पीड़ित परिवार ने उन्नाव में दर्ज मुकदमे में एससी-एसटी एक्ट की धारा बढ़ाने की मांग भी की है।
डीजीपी मुकुल गोयल ने शनिवार को कहा था कि विशम्भर दयाल के खुदकुशी के मामले में एफआईआर दर्ज करायी जायेगी। हालांकि रविवार को भी इस मामले में परिवारीजनों ने हुसैनगंज कोतवाली में कोई तहरीर नहीं दी थी। विशम्भर के भाई ओमप्रकाश का कहना है कि वह इस मामले में विधिक सलाह ले रहे हैं। इसके बाद ही वह एफआईआर दर्ज करायेंगे। इस मामले में पीड़ित परिवार ने केन्द्रीय मंत्री कौशल किशोर से भी सम्पर्क किया है। विशम्भर दयाल ने 30 अगस्त को बापू भवन में अपने कक्ष में लाइसेंसी रिवाल्वर से खुद को गोली मार ली थी। चार दिन इलाज के बाद लोहिया अस्पताल में उनकी मौत हो गई थी। उन्होंने सुसाइड नोट में उन्नाव के औरास थाने की पुलिस पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया था। आईजी लक्ष्मी सिंह ने जांच में लापरवाही मिलने पर तत्कालीन इंस्पेक्टर और विवेचक को निलम्बित कर दिया था। ओम प्रकाश ने आरोपी पुलिसकर्मियों को बर्खास्त करने की भी मांग की है। उनका कहना है कि पुलिस की वजह से ही उनके भाई की जान गई है।
