चार हत्याओं के आरोपी की जमानत याचिका खारिज
रुड़की। खेड़ी खुर्द गांव में मामूली विवाद के बाद एक पक्ष की ओर की गई अंधाधुंध फायरिंग में हुई चार लोगों की हत्या के मामले के एक आरोपी ने अपने वकील के मार्फत खुद को निर्दोष बताते हुए एडीजे कोर्ट में जमानत के लिए अर्जी दी। लेकिन, सुनवाई के बाद कोर्ट ने उसकी जमानत याचिका खारिज कर दी है। एडीजे कोर्ट के शासकीय अधिवक्ता भूपेश्वर ठकराल ने बताया कि छह मई 2021 को लक्सर के खेड़ी खुर्द गांव में दो लोगों के बीच मारपीट हुई थी। बाद में एक पक्ष ने कब्रिस्तान से लौट रहे दूसरे पक्ष के लोगों पर अंधाधुंध फायरिंग की थी। गोली से दूसरे पक्ष के हुसैन (45), जहीर (65), कैफ (18) और शहजान उर्फ कालू (45) की मौत हो गई थी। मुकदमा दर्ज करने के बाद पुलिस ने इस मामले में कुल नौ लोगों को जेल भेजा था। सभी लोग अभी तक जेल में हैं। इनमें से एक आरोपी इरशाद पुत्र फैजल अहमद के अधिवक्ता जुबैर अहमद ने निचली अदालत से उसकी जमानत याचिका खारिज होने के बाद एडीजे कोर्ट में रिवीजन दायर किया था। सुनवाई में उन्होंने तर्क दिया कि उनके मुवक्किल को रंजिश के तहत पुलिस से मिलकर झूठा फंसाया गया है। घटना में शामिल होना तो दूर, वह घटना के दिन गांव में भी मौजूद नहीं था। पुलिस ने उससे डंडे की बरामदगी भी फर्जी दिखाई है। उधर, सरकारी वकील ने आरोपी के खिलाफ लक्सर कोतवाली में पहले से दर्ज दो मुकदमों का हवाला देते हुए उसकी जमानत का विरोध किया। कहा कि जमानत पर छुटने के बाद वह गवाहों को धमका सकता है। शासकीय अधिवक्ता ठकराल ने बताया कि दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद न्यायालय ने आरोपी इरशाद की जमानत याचिका निरस्त कर दी है।
