केडीए में औचक निरीक्षण में कमिश्नर को 70 फीसदी स्टाफ गायब मिला
कानपुर
कानपुर विकास प्राधिकरण (केडीए) में अधिकारी से लेकर कर्मचारी समय से ऑफिस नहीं पहुंच रहे हैं। इसकी शिकायत लगातार की जा रही थी। सोमवार को कमिश्नर डॉ.राज शेखर ने औचक छापेमारी की तो पोल खुल गई। सुबह 10 बजकर 10 मिनट पर केडीए पहुंचे कमिश्नर को 70 फीसदी स्टाफ गायब मिला।
21 विभागों का रिकॉर्ड चेक
केडीए में कमिश्नर के औचक निरीक्षण की खबर स्टाफ के बीच जंगल में आग की तरह फैली तो सरकारी बंगलों से अधिकारी नाश्ता छोड़कर ऑफिस की ओर भागे। 21 विभागों में कार्यरत 312 कर्मियों में से 218 कर्मी एब्सेंट पाए गए। ऑफिस में हर जगह सन्नाटा ही कमिश्नर को देखने को मिला। कमिश्नर ने बताया कि अटेंडेंस चेक करने वाले अधिकारी भी एब्सेंट पाये गए। सभी एब्सेंट कर्मियों को नोटिस जारी किया जाएगा।
केडीए वीसी न होने से लापरवाही
बीते कई महीनों से केडीए में उपाध्यक्ष का पद खाली है। कानपुर डीएम के पास इसका एडिश्नल चार्ज है। ऐसे में अधिकारी और कर्मचारी 11 से 12 बजे के बीच ऑफिस आते हैं और 3 बजे तक ऑफिस से चले जाते हैं। वहीं कमिश्नर ने इस तरह की लापरवाही पर घोर नाराजगी व्यक्त की है। शासन तक रिपोर्ट भेजी जाएगी। वहीं सभी को नोटिस जारी कर जवाब मांगा जाएगा।
मूवमेंट रजिस्टर तक नहीं मिला
इंजीनियरिंग,प्रवर्तन और भूमि विभाग जैसे क्षेत्र में काम करने या नियमित निरीक्षण करने वाले अधिकारियों के लिए कोई मूवमेंट रजिस्टर कमिश्नर को नहीं मिला। कमिश्नर ने सख्त निर्देश दिए कि फील्ड विजिट करने वाले अधिकारी रजिस्टर जरूर मेन्टेन करें।
