भू-कानून को लेकर निकाली गई रैली रोकने पर भडक़े उक्रांद कार्यकर्ता

श्रीनगर गढ़वाल

श्रीकोट गंगानाली में भू-कानून और मूल निवास के मुद्दे को लेकर यूकेडी की ओर से चलाए जा रहे जागरण अभियान के तहत निकाली जा रही रैली को पुलिस द्वारा रोके जाने पर पार्टी कार्यकर्ता भडक़ गए। उन्होंने इसे सत्ता के दबाव की कार्रवाई करार देते हुए कहा कि उन्होंने प्रशासन से मौखिक रूप से इसकी स्वीकृति ली हुई है। कहा बकायदा एसडीएम को इस संदर्भ में अनुमति के लिए पत्र भी दिया गया। उक्रांद के केंद्रीय कोषाध्यक्ष व गढ़वाल लोक सभा प्रभारी मोहन काला ने कहा कि श्रीकोट गंगानाली में वह अपने कार्यकर्ताओं के साथ शांतिपूर्ण एवं कोविड नियमों के साथ जागरण अभियान चला रहे थे। इसी दौरान पुलिस ने रैली की स्वीकृति के नाम पर रोक दिया। जिसका कार्यकर्ताओं की ओर से विरोध भी किया गया। उन्होंने कहा कि वह राज्य के महत्वपूर्ण भू-कानून और मूल निवास के मुद्दे को लेकर जागरण अभियान चला रहे हैं, बावजूद पुलिस का इस तरह का रवैया दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि शहर में कई पार्टियों के राजनीतिक कार्यक्रम व रैलियां हो रही हैं, उनके लिए पुलिस मित्र पुलिस बनी हुई है। कहा सत्ता के दबाव में इस तरह की कार्रवाई किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। इस मौके पर अंजना घिल्डियाल, उपासना भट्ट, नितिन नेगी, जेपी काला, अनूप बिष्ट, विक्की भंडारी, प्रिया ठक्कर, मुकेश राणा, दुर्गेश, दीपक आदि मौजूद रहे। इधर कोतवाली के एसएसआई रणवीर रमोला ने कहा कि श्रीकोट में बिना परमिशन के रैली निकाली जा रही थी। उन्होंने कहा कि कोविड काल को देखते हुए संबंधित के खिलाफ महामारी ऐक्ट में मुकदमा दर्ज किया जाएगा।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *